Lockdown 2020


Lockdown , Corona , covid19

ये जो गरीब की तस्वीर है ना ,
मुझे बड़ा तड़पा रही है 
हवाई जहाज वाले लाए महामारी
और 4 साल की मुनिया घर पैदल जा रही है

एक वक़्त का खाना तक नसीब नहीं हो रहा कुछ लोगो को
मजबूर काकी बस खाली चूल्हा जला रही है
ना बस है , ना ट्रेन की सुविधा 
यहां तो एक माँ खुद ही बैलगाड़ी खींचे जा रही है

एक सवाल उस भगवान से भी है 
अगर तू है , तो कुछ तो रहम कर
गरीब जनता इस आफत की बहुत बड़ी क़ीमत चुका रही है 

वो गरीब स्वाभिमानी था ,मगर आज मजबूर है 
जब उसकी छोटी सी बच्ची एक बिस्किट के पैकेट के लिए हाथ फैला रही है 

ये जो गरीब की तस्वीर है ना ,
मुझे बड़ा तड़पा रही है 

Lockdown shayri, lockdown poem , lockdown 2020


This year corona and lockdown due to it was really heartbreaking , so many people faced a lots of problems all over the globe . 

Supply of food  and  other daily use items was affected in lockdown.


कोई टिप्पणी नहीं

Blogger द्वारा संचालित.